मंगलवार, 31 अगस्त 2010

कॉडर समाप्ति के बाद सहकारी बैंक अध्यक्ष हुए लामबंद

भोपाल। राज्य सरकार ने वैद्यनाथन समिति की अनुशंसा पर अमल करते हुए अपैक्स बैंक सहित जिला बैंकों के कॉडर समाप्त करने के निर्णय के बाद अपैक्स बैंक सहित जिला बैंकों में हड़कम्प मच गया। इसे लेकर जल्द ही अपैक्स बैंक अध्यक्ष भंवर सिंह शेखावत के नेतृत्व में प्रदेश भर की जिला बैंकों के अध्यक्ष एक बैठक करने जा रहे हैं।

बैंक अध्यक्षों की बैठक सितंबर माह के पहले हफ्ते में होने जा रही है। इस बैठक में कॉडर समाप्ति के बाद जिला बैंकों और समितियों का कार्य प्रभावित होने को लेकर चर्चा की जाएगी। बैठक में इस पर भी निर्णय लिया जाएगा कि कॉडर समाप्ति के बाद अपैक्स और जिला बैंकों और समितियों में पदस्थ काडर अधिकारियों का क्या होगा। उल्लेखनीय है कि प्रदेश की जिला बैंकों में अपैक्स काडर के 70 अधिकारी और 4526 पैक्स समितियों में जिला बैंकों के 2500 अधिकारी प्रबंधक बने हुए है। अब कॉडर समाप्त हो जाने के बाद जिला बैंकों और पैक्स समिति की इच्छा के ऊपर निर्भर करता है कि वो इन अधिकारियों को अपने यहां नियुक्ति दें या नहीं। यदि इन अधिकारियों को जिला बैंक और पैक्स समितियां रखने से इंकार करती हैं तो इन सभी अधिकारियों की नौकरी संकट में पड़ सकती है। 1975 में भी राज्य सरकार द्वार कॉडर समाप्त किया गया था, उस वक्त जिन अधिकारियों को बैंकों ने नियुक्ति देने से इंकार कर दिया था उन्हें राज्य सरकार ने अपने यहां मर्ज कर लिया था। सभी अध्यक्ष बैठक के बाद अपैक्स बैंक अध्यक्ष श्री शेखावत के नेतृत्व में मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर काडर समाप्त होने के बाद उत्पन्न होने वाली परेशानी से अवगत कराएंगे।

बैंकों और समितियों का कार्य नहीं होगा प्रभावित

कॉडर समाप्ति के बाद सहकारिता विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इससे कहीं कोई परेशानी नहीं आएगी। जिला बैंकों द्वारा यदि कॉडर अधिकारियों को नहीं रखा जाता है तो उनकी सेवाएं अपैक्स बैंक को सौंप दी जाएंगी, वहीं पैक्स समितियों द्वारा इंकार करने पर उन अधिकारियों को जिला बैंकों में पदस्थ कर दिया जाएगा। जरूरत पड़ने पर सहकारिता विभाग द्वारा उपायुक्त को पदस्थ कर जिला बैंकों और समितियों का संचालन किया जाएगा।

कॉडर समाप्त होने के बाद होने वाली परेशानियों को लेकर प्रदेश जिला बैंक अध्यक्षों की बैठक की जा रही है। जिससे मुख्यमंत्री को इस समस्या से अवगत कराया जा सके।

1spt2010

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